IIT जोधपुर का बड़ा इनोवेशन: एक ही सिस्टम से कैंसर की जांच और इलाज संभव
राजस्थान में कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक बड़ी वैज्ञानिक उपलब्धि सामने आई है। IIT Jodhpur के वैज्ञानिकों ने ऐसा आधुनिक थेरानोस्टिक्स सिस्टम विकसित किया है, जो कैंसर की पहचान (डायग्नोसिस) और इलाज (थैरेपी) दोनों को एक ही प्लेटफॉर्म पर संभव बनाता है।
यह नई तकनीक नैनो टेक्नोलॉजी पर आधारित है, जिसमें बेहद सूक्ष्म नैनो मटेरियल्स का उपयोग किया गया है। ये कण शरीर के अंदर जाकर सीधे कैंसर कोशिकाओं तक पहुंचते हैं और वहीं दवा का असर करते हैं, जिससे उपचार अधिक सटीक और प्रभावी हो जाता है।
नैनो मटेरियल्स बनेंगे ‘माइक्रो सुपरहीरो’
संस्थान की नैनोमेड लैब में विकसित ये खास नैनो मटेरियल्स कैंसर कोशिकाओं को पहचानकर उन पर सीधे हमला करते हैं। वैज्ञानिक एमएक्सन्स, मेटल ऑर्गेनिक फ्रेमवर्क्स, ब्लैक फॉस्फोरस और बोरोफीन जैसे अत्याधुनिक पदार्थों पर काम कर रहे हैं। इन्हें ‘टाइनी सुपरहीरोज’ कहा जा रहा है, क्योंकि ये दवा को सही जगह पहुंचाने के साथ-साथ रोग की पहचान में भी मदद करते हैं।
रोशनी से होगा इलाज—फोटोथेरानोस्टिक्स तकनीक
इस शोध की एक खास विशेषता फोटोथेरानोस्टिक्स है, जिसमें नजदीकी अवरक्त (NIR) प्रकाश का उपयोग किया जाता है। प्रकाश के संपर्क में आने पर नैनो कण सक्रिय होकर कैंसर कोशिकाओं को खत्म करते हैं और दवा को नियंत्रित तरीके से रिलीज करते हैं। इससे इलाज कम दर्दनाक और ज्यादा प्रभावी बनता है।
साइड इफेक्ट्स होंगे कम, असर होगा ज्यादा
वैज्ञानिकों ने ऐसे बायोमिमेटिक नैनो-कैरियर्स भी तैयार किए हैं, जो शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली से बचते हुए सीधे प्रभावित हिस्से तक दवा पहुंचाते हैं। इससे इलाज के दौरान होने वाले साइड इफेक्ट्स कम होंगे और मरीज को बेहतर परिणाम मिलेंगे।
क्लिनिकल उपयोग से पहले टेस्टिंग जारी
इस तकनीक की सुरक्षा और प्रभावशीलता को सुनिश्चित करने के लिए उन्नत सेलुलर मॉडल्स पर परीक्षण किए जा रहे हैं। ये मॉडल मानव शरीर जैसी परिस्थितियों का अनुकरण करते हैं, जिससे भविष्य में क्लिनिकल उपयोग के लिए मजबूत आधार तैयार किया जा सके।
शोध का नेतृत्व
इस महत्वपूर्ण शोध का नेतृत्व बायोसाइंस और बायो इंजीनियरिंग विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर Dr. Raviraj Vankayala कर रहे हैं।
यह इनोवेशन आने वाले समय में कैंसर के इलाज को अधिक सटीक, कम जटिल और मरीजों के लिए सुरक्षित बनाने की दिशा में बड़ा बदलाव साबित हो सकता है।