कांग्रेस जनहितेषी और भाजपा जनविरोधी – राजपुरोहित
भाद्राजून ब्लॉक में मनरेगा बचाओ संग्राम जन आंदोलन आयोजित
जालोर। भाद्राजून ब्लॉक में रविवार को कांग्रेस पार्टी द्वारा "मनरेगा बचाओ संग्राम" जन आंदोलन के तहत विभिन्न गांवों में चौपालों का आयोजन किया गया। इस दौरान कोराणा, नोसरा, निम्बला, शंखवाली, पांचोटा, वलदरा, कंवला, मालगढ़, नोरवा, भाद्राजून एवं सेलड़ी सहित कई गांवों में ग्रामीणों को मनरेगा योजना की वर्तमान स्थिति एवं केंद्र सरकार की नीतियों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता विधानसभा प्रभारी डॉ. संजीव राजपुरोहित ने कहा कि कांग्रेस पार्टी के लिए जनहित मछली की आंख के समान है। हमारे कार्यकर्ताओं को केवल जनता का हित दिखाई देता है और कांग्रेस हमेशा आमजन के अधिकारों के लिए संघर्ष करती रही है। उन्होंने कहा कि मनरेगा योजना देश की सबसे बड़ी रोजगार गारंटी योजना है, जिसने करोड़ों गरीब और मजदूर परिवारों को सहारा दिया, लेकिन वर्तमान भाजपा सरकार ने इस योजना को कमजोर करने का काम किया है। न तो रोजगार की गारंटी रही और न ही कोई प्रभावी मॉनिटरिंग व्यवस्था। यह केंद्र सरकार द्वारा कांग्रेस की जनकल्याणकारी योजनाओं को धीरे-धीरे समाप्त करने का प्रयास है।
जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष एवं विधानसभा प्रत्याशी सरोज चौधरी ने कहा कि मनरेगा बचाओ संग्राम के माध्यम से गांव-गांव जाकर जनता को बताया जा रहा है कि केंद्र सरकार की नीतियां जनविरोधी हैं। आज रोजगार से समझौता किया जा रहा है और आने वाले समय में खाद्य सुरक्षा व शिक्षा जैसी योजनाओं में भी कटौती की आशंका है। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार के पास न तो स्पष्ट विजन है और न ही भविष्य की कोई ठोस योजना।
पूर्व जिला अध्यक्ष भंवरलाल मेघवाल ने कहा कि अब आमजन भी समझने लगा है कि मनरेगा का नाम और स्वरूप बदलकर इसके मूल उद्देश्य को कमजोर कर दिया गया है। पीसीसी सदस्य सवाराम पटेल ने कहा कि भाजपा सरकार ने मनरेगा के ढांचे में ऐसे बदलाव किए हैं, जो गरीब, मजदूर और ग्रामीण वर्ग के हितों के विरुद्ध हैं। केंद्र और राज्य सरकारों को आम जनता की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं है, इसी कारण कांग्रेस पार्टी गरीब मजदूरों और ग्रामीण भारत के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए मनरेगा बचाओ संग्राम के रूप में यह जन आंदोलन चला रही है।
ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष गलबाराम मीणा ने कहा कि पहले मनरेगा एक मजबूत रोजगार गारंटी कानून था, लेकिन अब इसमें कई ऐसे बदलाव किए गए हैं, जिससे गरीब और मजदूर वर्ग को नुकसान हो रहा है। कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ता हर जिले, ब्लॉक, गांव, ढाणी और घर-घर जाकर इस योजना को बचाने के लिए जागरूकता फैलाएंगे और इसे एक बड़े जन आंदोलन का रूप देंगे।
इन चौपाल कार्यक्रमों में विधानसभा प्रभारी डॉ. संजीव राजपुरोहित, जिला उपाध्यक्ष सरोज चौधरी, पूर्व जिला अध्यक्ष भंवरलाल मेघवाल, पीसीसी सदस्य सवाराम पटेल, ब्लॉक अध्यक्ष गलबाराम मीणा, जिला उपाध्यक्ष आमसिंह परिहार, पूर्व जिला परिषद सदस्य कुशालसिंह राजपुरोहित, पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष बस्तीमल चौहान, पंचायत समिति सदस्य मांगीलाल चौधरी, सरपंच पुखराज मेघवाल, युवा नेता भरतसिंह राजपुरोहित, ठाकराराम, छगनलाल मेघवाल, वागाराम परमार, चौथाराम, अनवर खान, सूजाराम चौधरी, कपूराराम, यूसुफ खान, रुपाराम, परकाराम मीणा, छोगाराम मीणा, धनाराम मीणा, सरपंच रामसिंह, सरपंच गोपाराम देवासी, विक्रम सिंह, रमेश मेघवाल, रणछोड़ाराम नोखा, ताराराम चौधरी, उकाराम, भवराराम और जबराराम सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता व ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने भी मनरेगा योजना को मजबूत करने और रोजगार की गारंटी बहाल रखने की मांग की। चौपालों में सरकार की नीतियों पर चर्चा हुई और कांग्रेस नेताओं ने भरोसा दिलाया कि पार्टी गरीबों और मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए लगातार संघर्ष करती रहेगी।