सिरे मंदिर की 800 सीढ़ियों पर कमाल: 1800 किलो वजन के साथ ट्रैक्टर रिवर्स में चढ़ा
1.18 किमी की खड़ी चढ़ाई 45 मिनट में पूरी, पहली बार मंदिर तक मशीन से पहुंचा भारी सामान
जालोर-के सिरे मंदिर में पहली बार तकनीक और कौशल का अनोखा संगम देखने को मिला, जब एक ट्रैक्टर ने करीब 800 सीढ़ियों और दुर्गम पहाड़ी रास्ते को रिवर्स गियर में पार कर इतिहास बना दिया। इस दौरान ट्रैक्टर में लगभग 1800 किलो सामान लदा हुआ था, जिसे सफलतापूर्वक मंदिर तक पहुंचाया गया।
इस अनोखे परीक्षण को एक ऑटोमोबाइल कंपनी और मंदिर प्रबंधन की देखरेख में दो चरणों में पूरा किया गया। पहले चरण में दोपहर के समय खाली ट्रैक्टर को ऊपर ले जाकर ट्रायल किया गया। इसके बाद शाम को ट्रैक्टर में भारी सामान लादकर असली परीक्षा ली गई, जिसमें ड्राइवर ने संतुलन और नियंत्रण का बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए चढ़ाई पूरी की।
खास बात यह रही कि ट्रैक्टर को सीधे नहीं बल्कि रिवर्स गियर में चढ़ाया गया। ड्राइवर गुलाब चंद माली के अनुसार, सीढ़ियों पर सीधे चढ़ाने से ट्रैक्टर के आगे के छोटे टायर हवा में उठ सकते हैं, जिससे पलटने का खतरा बढ़ जाता है। रिवर्स में चढ़ाने से वजन का संतुलन बेहतर रहता है और वाहन ज्यादा सुरक्षित रहता है।
चढ़ाई के दौरान ट्रैक्टर के आगे जेसीबी का लोडर भी लगाया गया, ताकि संतुलन बना रहे। शुरुआत में तीन लोग भी ट्रैक्टर पर मौजूद थे, जिससे वजन का वितरण संतुलित किया जा सके।
आमतौर पर श्रद्धालुओं को इस रास्ते को तय करने में करीब डेढ़ घंटा लगता है, लेकिन इस ट्रैक्टर ने 1.18 किलोमीटर लंबी खड़ी चढ़ाई को महज 40 से 45 मिनट में पूरा कर लिया।
इस सफल परीक्षण के बाद अब यह ट्रैक्टर मंदिर में ही रहेगा और निर्माण कार्यों के साथ-साथ अन्य जरूरी सामान को ऊपर पहुंचाने में उपयोग किया जाएगा। इस मौके पर संत रविनाथ महाराज, रामेश्वर नाथ महाराज और बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।