जोधपुर MGH के ऑपरेशन थियेटर में घुसकर नर्सिंग स्टाफ से मारपीट,
सर्जरी के दौरान हंगामे से मरीज की जान खतरे में
महात्मा गांधी अस्पताल में सोमवार रात एक बेहद गंभीर और चौंकाने वाली घटना सामने आई, जहां इमरजेंसी आर्थोपेडिक ऑपरेशन थियेटर में चल रही सर्जरी के दौरान कुछ बदमाश जबरन अंदर घुस गए और नर्सिंग स्टाफ व संविदाकर्मी के साथ मारपीट कर दी। इस घटना से न केवल अस्पताल का अनुशासन टूटा, बल्कि ऑपरेशन टेबल पर मौजूद मरीज की जान भी जोखिम में पड़ गई।
घटना 20 अप्रैल की रात करीब 9:30 बजे की बताई जा रही है। चांदपोल निवासी मोंटू गुप्ता (32), जो अस्पताल में चतुर्थ श्रेणी संविदाकर्मी के रूप में कार्यरत है, उस समय ऑपरेशन थियेटर में ड्यूटी पर था। उसी दौरान नर्सिंग स्टाफ विष्णु गौतम और राहुल पंवार के साथ डॉ. विकास कटा, डॉ. दुष्यंत और डॉ. आर्यन एक मरीज की सर्जरी में व्यस्त थे।
इसी बीच सरदारपुरा क्षेत्र निवासी सन्नी अपने 3-4 साथियों के साथ अचानक ऑपरेशन थियेटर में घुस आया। आरोपियों ने बिना किसी अनुमति सीधे अंदर प्रवेश कर स्टाफ के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट शुरू कर दी। इतना ही नहीं, उन्होंने मौजूद कर्मचारियों को जान से मारने की धमकी भी दी, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई।
अस्पताल स्टाफ का कहना है कि यह घटना न केवल सुरक्षा व्यवस्था की बड़ी चूक है, बल्कि मेडिकल प्रोटोकॉल का भी गंभीर उल्लंघन है। ऑपरेशन के दौरान इस तरह का व्यवधान मरीज के जीवन के लिए घातक साबित हो सकता था।
घटना के तुरंत बाद अस्पताल प्रशासन और स्टाफ ने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद मोंटू गुप्ता ने आर्थोपेडिक ओटी प्रभारी डॉ. रामेश्वर मेघवाल के साथ सरदारपुरा थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए राजकार्य में बाधा, मारपीट, गंभीर ट्रेसपास और एक राय होकर अपराध करने की धाराओं में एफआईआर दर्ज की है। जांच की जिम्मेदारी एएसआई रमेश विश्नोई को सौंपी गई है। पुलिस अस्पताल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और फरार आरोपियों की पहचान कर उनकी तलाश जारी है।
इस घटना ने अस्पतालों में सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है, खासकर ऐसे संवेदनशील स्थानों पर जहां हर पल किसी की जिंदगी दांव पर होती है।